TY - BOOK AU - प्रभुणे,अनुपमा रत्नाकर TI - हिन्दी व्यंग्य परंपरा मेंशंकर पुणतांबेकर योगदान SN - 9788189353230 U1 - 891.437009 PY - 2009/// CY - कानपुर PB - अन्नपूर्णा प्रकाशन ER -